RAIGARH

“श्रम संहिता” के विरोध में हुआ सांकेतिक प्रदर्शन

रायगढ़. केंद्र सरकार द्वारा 21नवंबर को चार श्रम संहिता लागू करने की अधिसूचना जारी कर दी गई है. श्रम संहिता के विरोध में श्रम संगठनों द्वारा दिनांक 26/11/2025 को राष्ट्रव्यापी विरोध करने की घोषणा की गई. इसी तारतम्य में ट्रेड यूनियन काउंसिल रायगढ़ द्वारा भारतीय जीवन बीमा निगम कार्यालय के गेट के सामने भोजन अवकाश पर सांकेतिक प्रदर्शन कर श्रम संहिता की पुरजोर मुखालिफत की गई. राष्ट्रव्यापी विरोध के संबंध में ट्रेड यूनियन काउंसिल के उपाध्यक्ष शेख कलीमुल्लाह, बिलासपुर डिविजन इंप्लाइज एसोसिएशन के अध्यक्ष आर. एम बारिक, संयुक्त किसान मोर्चा के साथी मदन पटेल, छत्तीसगढ़ किसान सभा के साथी लंबोदर साव, बैंकर्स क्लब रिटायर्ड के साथी प्रमोद सराफ छत्तीसगढ़ अधिकारी कर्मचारी पेंशनर्स एसोसिएशन के साथी गणेश मिश्रा ने अपनी बात रखते हुए केंद्र सरकार को आड़े हाथ लिया. वक्ताओं ने कहा कि देश के श्रमिक संगठनों ने लंबी लड़ाई के बाद जो श्रमिक हितैषी अधिनियम बनवाए थे उनमें से 29 अधिनियमों के बदले चार श्रम संहिता सरकार ने बनाए है. इन चार श्रम संहिताओं में कानून को लचीला करते हुए, मालिकों के पक्ष में अधिनियम बनाए गए हैं. यह संहिता मजदूरों के हितों की रक्षा करने में असमर्थ है यही वजह है कि आज देश के श्रमिक संगठन श्रम संहिता के विरोध में आवाज बुलंद कर रहे हैं तथा पुराने 29 कानून को यथावत रखने की मांग कर रहे हैं. आज के कार्यक्रम में ट्रेड यूनियन काउंसिल के उपाध्यक्ष शेख कलीमुल्लाह, कोषाध्यक्ष सुनील कुमार मेघमाला सहित बीमा के साथीगण, बिरादराना संगठन के साथी एम के बारीक़ साथी प्रमोद सराप, साथी मदन पटेल, साथी विष्णु यादव, साथी विनय मोहन ठेठवार, साथी एस एल भगत, कामरेड लम्बोदर कामरेड समय लाल साथी निराकार चौहान आदि उपस्थित थे. उपस्थित सभी साथियों ने चार श्रम संहिता विरोध में और मजदूर हितैषी कानून को यथावत रखने के लिए नारे बाजी कर अपनी आवाज बुलंद किया.

Sanjay Sahni

Editor in chief - Raegarhnews.in Mo.-9329266509

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